
चर्चा में क्यों?
केंद्रीय कैबिनेट ने 18 अप्रैल 2026 को ‘प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-III’ (PMGSY-III) को मार्च 2025 की समयसीमा के बाद भी जारी रखने को मंजूरी दे दी है। सरकार ने इस महत्वपूर्ण ग्रामीण अवसंरचना योजना के लिए बजट बढ़ाकर ₹83,977 करोड़ कर दिया है और इसकी अवधि को मार्च 2028 तक बढ़ा दिया है, ताकि शेष बचे सड़क और पुल निर्माण कार्यों को सफलतापूर्वक पूरा किया जा सके।
प्रमुख बिंदु
केंद्रीय कैबिनेट ने PMGSY-III योजना को मार्च 2025 से बढ़ाकर अब मार्च 2028 तक जारी रखने की आधिकारिक मंजूरी प्रदान की है।
इस योजना के लिए कुल वित्तीय परिव्यय (Outlay) को मूल ₹80,250 करोड़ से बढ़ाकर अब ₹83,977 करोड़ कर दिया गया है।
संशोधित समयसीमा के अनुसार, मैदानी इलाकों की सड़कों व पुलों और पहाड़ी क्षेत्रों की सड़कों का काम मार्च 2028 तक पूरा किया जाएगा।
पहाड़ी क्षेत्रों में पुलों के निर्माण के लिए सरकार ने विशेष रूप से मार्च 2029 तक का समय दिया है।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में ‘थ्रू रूट्स’ और ‘प्रमुख ग्रामीण संपर्कों’ को मजबूत करना है।
यह विस्तार ग्रामीण बस्तियों को ग्रामीण कृषि मंडियों (GrAMs), उच्च माध्यमिक स्कूलों और अस्पतालों से जोड़ने में सहायक होगा।
सरकार ने उन 161 लॉन्ग स्पैन ब्रिजों (LSBs) को भी मंजूरी दी है, जो पहले से स्वीकृत सड़कों के संरेखण (Alignment) पर लंबित थे।
31 मार्च 2025 से पहले स्वीकृत लेकिन अब तक शुरू न हुए कार्यों के लिए फिर से टेंडर जारी करने की अनुमति दी गई है।
प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य (Static GK):
PMGSY की शुरुआत: प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY-I) को 25 दिसंबर 2000 को तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा शुरू किया गया था।
PMGSY-III का शुभारंभ: इस चरण की शुरुआत वर्ष 2019 में की गई थी, जिसका लक्ष्य 1,25,000 किलोमीटर मौजूदा ग्रामीण सड़क नेटवर्क को अपग्रेड करना है।
नोडल मंत्रालय: यह योजना केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय (Ministry of Rural Development) के तहत कार्यान्वित की जाती है।
OMMAS: ‘ऑनलाइन प्रबंधन, निगरानी और लेखा प्रणाली’ (OMMAS) का उपयोग इस योजना की भौतिक और वित्तीय प्रगति को ट्रैक करने के लिए किया जाता है।
क्वालिटी चेक: योजना में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए त्रि-स्तरीय गुणवत्ता नियंत्रण प्रणाली (3-tier Quality Control System) लागू है।
PMGSY-IV: सितंबर 2024 में सरकार ने 62,500 किलोमीटर नई सड़कों के लिए PMGSY-IV को भी मंजूरी दी थी, जिसका बजट ₹70,125 करोड़ है।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न):
1. PMGSY-III की नई समयसीमा क्या निर्धारित की गई है?
मैदानी क्षेत्रों के लिए नई समयसीमा मार्च 2028 और पहाड़ी क्षेत्रों के पुलों के लिए मार्च 2029 है।
2. योजना का संशोधित बजट कितना है?
इस योजना का कुल संशोधित बजट बढ़ाकर ₹83,977 करोड़ कर दिया गया है।
3. PMGSY-III का मुख्य फोकस क्या है?
इसका मुख्य फोकस नए मार्ग बनाने के बजाय मौजूदा मार्गों को अपग्रेड करके उन्हें कृषि मंडियों, स्कूलों और अस्पतालों से जोड़ना है।
4. इस विस्तार से ग्रामीण क्षेत्रों को क्या लाभ होगा?
इससे अधूरी पड़ी परियोजनाओं को पूरा करने का समय मिलेगा, जिससे कनेक्टिविटी बेहतर होगी और किसानों को अपनी उपज मंडियों तक ले जाने में आसानी होगी।
5. क्या लंबित पुलों के निर्माण के लिए अलग से फंड दिया गया है?
हाँ, 161 लंबे पुलों (LSBs) के लिए लगभग ₹961 करोड़ की लागत का अनुमान लगाया गया है।
