
भारत और नेपाल ने प्राकृतिक संपदा के संरक्षण और जलवायु चुनौतियों से निपटने के लिए एक व्यापक समझौते पर मुहर लगाई है। इस सहयोग के प्रमुख पहलू निम्नलिखित हैं:
रणनीतिक समझौता (MoU): दोनों देशों ने वन प्रबंधन, वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा को लेकर एक आधिकारिक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं।
प्रमुख क्षेत्र: इस गठबंधन का मुख्य केंद्र जैव विविधता का संरक्षण, पारिस्थितिकी तंत्र की सुरक्षा और जलवायु परिवर्तन के प्रतिकूल प्रभावों को कम करना है।
उच्च स्तरीय बैठक: यह समझौता नई दिल्ली में आयोजित एक विशेष बैठक के दौरान हुआ, जिसमें भारत के केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव और नेपाल के मंत्री माधव प्रसाद चौलागैन शामिल रहे।
सीमा पार सहयोग: हिमालयी क्षेत्र में वन्यजीवों की मुक्त आवाजाही और अवैध शिकार को रोकने के लिए दोनों देश अब साझा रणनीति पर काम करेंगे।
साझा विजन: यह समझौता न केवल दो पड़ोसियों के बीच कूटनीतिक संबंधों को मजबूत करेगा, बल्कि दक्षिण एशिया में पर्यावरण स्थिरता के लिए एक मिसाल पेश करेगा।
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