
चर्चा में क्यों?
भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर वर्तमान में फ्रांस में आयोजित जी-7 (G7) विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा ले रहे हैं। इस अहम दौरे के दौरान उन्होंने यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबिहा (Andrii Sybiha) से खास मुलाकात की है, जिसमें दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करने, ग्लोबल सप्लाई चेन और मध्य पूर्व (Middle East) के तनाव जैसे महत्वपूर्ण वैश्विक मुद्दों पर गंभीर कूटनीतिक चर्चा हुई है।
प्रमुख बिंदु:
भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर फ्रांस के विशेष निमंत्रण पर 26 और 27 मार्च 2026 को आयोजित हो रही जी-7 विदेश मंत्रियों की इस बैठक में एक ‘भागीदार देश’ (Partner Country) के प्रतिनिधि के रूप में हिस्सा ले रहे हैं।
इस बैठक के इतर डॉ. जयशंकर और यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबिहा ने क्षेत्रीय स्थिरता, मध्य पूर्व के संघर्षों और सुरक्षित ग्लोबल सप्लाई चेन के सुचारू कामकाज को लेकर अपने विचारों का आदान-प्रदान किया।
डॉ. जयशंकर ने चल रहे भू-राजनीतिक तनावों के बीच ‘भारत-मध्य पूर्व-यूरोप आर्थिक गलियारे’ (IMEC) की अहमियत पर ज़ोर दिया, जो कि वैश्विक कनेक्टिविटी का एक बड़ा प्रोजेक्ट है।
IMEC (India-Middle East-Europe Economic Corridor) की घोषणा साल 2023 में नई दिल्ली में आयोजित हुए G20 शिखर सम्मेलन के दौरान की गई थी।
विदेश मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यूरोपीय यूनियन (EU), यूरोपीय फ्री ट्रेड एसोसिएशन (EFTA) और ब्रिटेन के साथ भारत के बढ़ते मुक्त व्यापार समझौतों (FTA) ने IMEC परियोजना के महत्व को और अधिक बढ़ा दिया है।
जी-7 (Group of Seven) दुनिया की सात सबसे बड़ी उन्नत अर्थव्यवस्थाओं का समूह है, जिसकी स्थापना 1975 में हुई थी।
जी-7 समूह में अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, इटली, कनाडा और जापान शामिल हैं, और वर्ष 2026 के लिए इस शक्तिशाली समूह की अध्यक्षता फ्रांस के पास है।
यह जानना भी जरूरी है कि यूक्रेन पूर्वी यूरोप का एक प्रमुख देश है, जिसकी राजधानी ‘कीव’ (Kyiv) है और वर्तमान में वहां के राष्ट्रपति वलोडिमिर ज़ेलेंस्की (Volodymyr Zelenskyy) हैं।
अपने इस दौरे पर जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में सुधारों की मांग दोहराते हुए ‘ग्लोबल साउथ’ (Global South) की खाद्य तथा ऊर्जा सुरक्षा संबंधी चिंताओं को भी इस वैश्विक मंच पर पूरी मजबूती से उठाया।
FAQ:
1. विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने हाल ही में जी-7 बैठक में किस देश के विदेश मंत्री से मुलाकात की?
डॉ. जयशंकर ने फ्रांस में आयोजित जी-7 विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबिहा (Andrii Sybiha) के साथ अहम द्विपक्षीय मुलाकात की है।
2. वर्तमान (वर्ष 2026) में जी-7 (G7) समूह का अध्यक्ष देश कौन सा है?
साल 2026 के लिए जी-7 समूह की अध्यक्षता फ्रांस कर रहा है, जिसने भारत को इस बैठक में ‘पार्टनर कंट्री’ के रूप में आमंत्रित किया है।
3. IMEC का पूर्ण रूप (Full Form) क्या है और इसे कब लॉन्च किया गया था?
IMEC का पूरा नाम ‘India-Middle East-Europe Economic Corridor’ है, जिसे 2023 में भारत की अध्यक्षता में संपन्न हुए G20 शिखर सम्मेलन के दौरान घोषित किया गया था।
4. जी-7 (G7) समूह में कौन-कौन से देश शामिल हैं?
जी-7 में विश्व की सात सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाएं शामिल हैं- संयुक्त राज्य अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, इटली, कनाडा और जापान।
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(Jaishankar Meets Ukraine FM : फ्रांस में G7 बैठक के दौरान जयशंकर और एंड्री सिबिहा की IMEC और व्यापार पर चर्चा)
