
रूस ने ईरान के बुशहर परमाणु संयंत्र के निकट हुए ‘यूएस-इजरायली’ हमलों को “अत्यंत खतरनाक” करार दिया है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने चेतावनी दी है कि परमाणु केंद्रों को निशाना बनाने के “अपूरणीय परिणाम” (Irreparable consequences) हो सकते हैं।
🚨 घटनाक्रम और रूसी चिंताएं
हमले का स्थान: रूसी परमाणु निगम ‘रोसाटॉम’ (Rosatom) के अनुसार, हमला बुशहर संयंत्र के मेट्रोलॉजिकल सर्विस (मौसम सेवा) भवन के पास हुआ, जो चालू परमाणु इकाई के बेहद करीब है।
IAEA की पुष्टि: अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने पुष्टि की है कि एक प्रोजेक्टाइल रिएक्टर से मात्र 350 मीटर की दूरी पर गिरा।
रूस का स्टैंड: रूस ने अमेरिका के साथ अपनी गंभीर चिंताएं साझा की हैं और कहा है कि परमाणु सुविधाओं पर हमले अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा सिद्धांतों का उल्लंघन हैं।
🌐 कूटनीतिक समाधान पर जोर
क्रेमलिन ने स्पष्ट किया है कि इस तनाव को सुलझाने का एकमात्र रास्ता राजनीतिक और कूटनीतिक समझौता है। पेसकोव के अनुसार:
“क्षेत्र में बनी विनाशकारी तनावपूर्ण स्थिति को कम करने के लिए कूटनीति ही प्रभावी तरीका है।”
🛠️ बुशहर संयंत्र: रूस-ईरान सहयोग का केंद्र
यह संयंत्र न केवल ईरान की ऊर्जा जरूरतों के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यह रूस और ईरान के बीच तकनीकी सहयोग का प्रतीक भी है:
संचालन: इसे रूस की मदद से बनाया गया है और वर्तमान में लगभग 480 रूसी कर्मचारी वहां तैनात हैं।
सुरक्षा उपाय: बढ़ते खतरों को देखते हुए, रूस ने वहां से अपने कर्मचारियों और उनके परिवारों की निकासी (Evacuation) का तीसरा चरण शुरू कर दिया है।
क्षमता: यहाँ एक 915 मेगावाट की सक्रिय इकाई है, जबकि दो अन्य रूसी-डिजाइन वाली इकाइयां (Unit 2 & 3) निर्माणाधीन हैं।
📊 संघर्ष के संभावित खतरे
| खतरा | संभावित परिणाम |
| रेडियोलॉजिकल रिसाव | प्रत्यक्ष प्रहार से पूरे क्षेत्र में रेडियोधर्मी संदूषण (Contamination) फैल सकता है। |
| कूलिंग सिस्टम फेलियर | फुकुशिमा जैसी स्थिति पैदा हो सकती है यदि बिजली या कूलिंग सिस्टम क्षतिग्रस्त हो जाए। |
| क्षेत्रीय युद्ध | परमाणु बुनियादी ढांचे पर हमला मध्य पूर्व में एक पूर्ण विकसित युद्ध को भड़का सकता है। |
WATCH NOW – AEDO LATEST VIDEO
DOWNLOAD OUR APP – CLICK HERE
READ ALSO – 2033 तक सभी नागरिकों को मिलेगा स्वास्थ्य बीमा
(Russia strongly protests attacks near Bushehr plant)
