
चर्चा में क्यों?
केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारत के सेमीकंडक्टर क्षेत्र को लेकर बताया है कि वर्ष 2026 तक देश में चार सेमीकंडक्टर प्लांट और वर्ष 2027 तक दो अन्य प्लांट पूरी तरह से बनकर तैयार हो जाएंगे।
प्रमुख बिंदु:
भारत की पहली फैब्रिकेशन यूनिट (Fab Unit) वर्ष 2028 तक गुजरात के धोलेरा में बनकर तैयार हो जाएगी।
साणंद में प्रधानमंत्री द्वारा उद्घाटित केयन्स सेमीकॉन (Kaynes Semicon) की यूनिट देश का दूसरा सेमीकंडक्टर प्लांट है, जिसे मात्र 14 महीनों में चालू किया गया है।
देश के सबसे पहले सेमीकंडक्टर प्लांट (माइक्रोन टेक्नोलॉजी) का उद्घाटन 28 फरवरी को हुआ था, जबकि तीसरे प्लांट का उद्घाटन इसी वर्ष जुलाई में किया जाएगा।
देश भर के 315 विश्वविद्यालयों के लगभग 60,000 युवा इंजीनियरों को ‘सिनॉप्सिस’ और ‘कैडेंस’ जैसे वैश्विक उपकरणों में प्रशिक्षित किया गया है।
इन युवा भारतीय इंजीनियरों द्वारा डिजाइन की गई चिप्स का निर्माण वर्तमान में चंडीगढ़ की एक प्रयोगशाला में किया जा रहा है।
भारत में अब बेहद जटिल ‘2 नैनोमीटर’ (2nm) चिप्स भी डिजाइन की जा रही हैं, जो ‘डिजाइन इन इंडिया’ और ‘मेक इन इंडिया’ दृष्टिकोण को मजबूत करती हैं।
‘सेमीकंडक्टर 2.0’ के तहत सरकार का लक्ष्य चिप निर्माण से जुड़े पूरे इकोसिस्टम (मशीन, गैस और रसायन) को भारत में ही उपलब्ध कराना है।
भारत सरकार ने वर्ष 2032 तक देश को शीर्ष 6 सेमीकंडक्टर देशों में और वर्ष 2047 तक शीर्ष 3 देशों में शामिल करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
धोलेरा (Dholera): यह गुजरात में स्थित है और इसे भारत की पहली ‘सेमीकंडक्टर सिटी’ के रूप में विकसित किया जा रहा है।
नैनोमीटर तकनीक: माइक्रोचिप में नैनोमीटर (जैसे 2nm) ट्रांजिस्टर के आकार को दर्शाता है; यह आकार जितना छोटा होता है, चिप उतनी ही अधिक तेज और ऊर्जा-कुशल होती है।
भारत सेमीकंडक्टर मिशन (ISM): भारत में सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को तेजी से विकसित करने के लिए केंद्र सरकार ने 76,000 करोड़ रुपये के भारी बजट के साथ इस मिशन की शुरुआत की है।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न):
1. 2026 तक भारत में कितने सेमीकंडक्टर प्लांट तैयार हो जाएंगे?
केंद्रीय मंत्री के अनुसार वर्ष 2026 तक देश में कुल 4 सेमीकंडक्टर प्लांट तैयार हो जाएंगे।
2. भारत की पहली सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन यूनिट कहाँ और कब तक तैयार होगी?
भारत की पहली फैब्रिकेशन यूनिट गुजरात के धोलेरा में वर्ष 2028 तक तैयार हो जाएगी।
3. भारत सरकार ने सेमीकंडक्टर क्षेत्र में 2032 तक क्या लक्ष्य रखा है?
सरकार ने वर्ष 2032 तक भारत को दुनिया के शीर्ष 6 सेमीकंडक्टर देशों की सूची में शामिल करने का लक्ष्य रखा है।
4. युवा इंजीनियरों द्वारा डिजाइन की गई चिप्स का निर्माण भारत में कहाँ किया जा रहा है?
इन चिप्स का निर्माण वर्तमान में चंडीगढ़ स्थित एक प्रयोगशाला में किया जा रहा है।
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